Future Post NewsFuture Post News
  • Home
  • About Us
  • Privacy Policy
  • Terms of Use
  • DMCA
  • Disclaimer
Reading: कैमरे बंद, EVM पर टेप… फलता में वोटिंग पर उठे गंभीर सवाल
Share
Font ResizerAa
Future Post NewsFuture Post News
Font ResizerAa
  • Home
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अपराध
  • शिक्षा
  • खेल
  • राजनीति
  • राज्य
  • राशिफल
  • वित्त
  • सरकारी सेवाएं
  • सुरक्षा
Follow US
  • Home
  • About Us
  • Privacy Policy
  • Terms of Use
  • DMCA
  • Disclaimer
© 2026 Future Post. All Rights Reserved. Powered by Future Media News Network (FMNN).
Future Post News > Blog > राज्य > पश्चिम बंगाल > कैमरे बंद, EVM पर टेप… फलता में वोटिंग पर उठे गंभीर सवाल
पश्चिम बंगाल

कैमरे बंद, EVM पर टेप… फलता में वोटिंग पर उठे गंभीर सवाल

Last updated: May 2, 2026 12:27 pm
Ashutosh Singh - Head of Digital Content
3 months ago
Share
कैमरे बंद, EVM पर टेप…
कैमरे बंद, EVM पर टेप…
SHARE

पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के फलता विधानसभा क्षेत्र में हुए मतदान को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है। फलता EVM विवाद अब गंभीर जांच के दायरे में है, जहां करीब 30 बूथों पर दोबारा मतदान यानी री-पोलिंग की सिफारिश की गई है। चुनाव आयोग के विशेष पर्यवेक्षक सुब्रत गुप्ता द्वारा की गई स्क्रूटनी में कई चौंकाने वाली बातें सामने आई हैं, जिनसे मतदान प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल उठ रहे हैं।

Contents
फलता में EVM पर टेप के आरोप से बढ़ा विवादकैमरे बंद और नेटवर्क फेलियर ने बढ़ाई चिंताकई बूथों पर 100 प्रतिशत मतदान, बढ़ा संदेहराजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप तेजचुनाव आयोग की निगरानी और अगला कदमक्यों अहम है फलता EVM विवाद

फलता में EVM पर टेप के आरोप से बढ़ा विवाद

रिपोर्ट्स के मुताबिक, फलता के कई बूथों पर इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन यानी EVM पर टेप लगे होने के आरोप सामने आए हैं। यह आरोप बेहद गंभीर माने जा रहे हैं क्योंकि इससे मतदाताओं के विकल्प सीमित होने की आशंका जताई गई है। जानकारी के अनुसार, पीठासीन अधिकारी ने दोपहर 1 बजे यह बताया कि टेप हटा दिया गया है, लेकिन तब तक उन बूथों पर करीब 58 प्रतिशत मतदान हो चुका था।

सूत्रों के अनुसार, टेप लगे होने की वजह से मतदाताओं को एक ही पार्टी को वोट देने की स्थिति का सामना करना पड़ा, जिससे मतदान की निष्पक्षता पर सवाल खड़े हो गए। इसी कारण इन बूथों पर री-पोलिंग की सिफारिश की गई है।

कैमरे बंद और नेटवर्क फेलियर ने बढ़ाई चिंता

स्क्रूटनी के दौरान यह भी सामने आया कि कई मतदान केंद्रों पर CCTV कैमरे बंद थे और नेटवर्क की समस्या के कारण लाइव फीड कंट्रोल रूम तक नहीं पहुंच पाई। यह स्थिति चुनाव प्रक्रिया की निगरानी पर गंभीर असर डालती है।

चुनाव आयोग के लिए यह एक अहम मुद्दा बन गया है क्योंकि चुनावी पारदर्शिता बनाए रखने के लिए तकनीकी निगरानी बेहद जरूरी होती है।

कई बूथों पर 100 प्रतिशत मतदान, बढ़ा संदेह

फलता विधानसभा क्षेत्र में कुल 285 बूथ हैं, जिनमें से कई बूथों पर 100 प्रतिशत तक मतदान दर्ज किया गया है। इतनी अधिक मतदान दर भी जांच के दायरे में आ गई है।

इसके अलावा, दक्षिण 24 परगना के डायमंड हार्बर क्षेत्र के 4 बूथ और मगरहाट वेस्ट के 11 बूथों पर भी री-पोलिंग की सिफारिश की गई है। कुल मिलाकर 77 बूथों पर दोबारा मतदान की मांग की गई है।

राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप तेज

इस पूरे मामले को लेकर राजनीतिक माहौल भी गर्म हो गया है। विपक्षी दल भाजपा ने EVM पर टेप लगाए जाने का आरोप लगाया है और चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता पर सवाल उठाए हैं।

वहीं, सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस ने भी चुनाव के दौरान कुछ अधिकारियों के व्यवहार पर आपत्ति जताई है। फलता में तृणमूल उम्मीदवार जहांगीर खान के घर पर कथित दबाव बनाने के आरोप भी सामने आए हैं, जिससे मामला और संवेदनशील हो गया है।

चुनाव आयोग की निगरानी और अगला कदम

चुनाव आयोग ने पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए विशेष पर्यवेक्षक सुब्रत गुप्ता को जांच की जिम्मेदारी सौंपी थी। चीफ इलेक्शन कमिश्नर ज्ञानेश कुमार के निर्देश पर स्क्रूटनी की गई और उसके आधार पर री-पोलिंग का प्रस्ताव तैयार किया गया है।

अब अंतिम फैसला चुनाव आयोग को लेना है कि किन बूथों पर दोबारा मतदान कराया जाएगा।

क्यों अहम है फलता EVM विवाद

यह मामला केवल एक विधानसभा क्षेत्र तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे चुनावी सिस्टम की विश्वसनीयता से जुड़ा हुआ है। अगर EVM के साथ छेड़छाड़ या तकनीकी खामियां साबित होती हैं, तो यह लोकतांत्रिक प्रक्रिया के लिए गंभीर चुनौती बन सकता है।

फलता विधानसभा क्षेत्र में सामने आए EVM विवाद ने चुनावी पारदर्शिता और सुरक्षा को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। री-पोलिंग की सिफारिश इस बात का संकेत है कि मामले को हल्के में नहीं लिया जा रहा। अब सभी की नजर चुनाव आयोग के अंतिम फैसले पर टिकी है, जो तय करेगा कि इन आरोपों का क्या असर आगे की चुनाव प्रक्रिया पर पड़ेगा।

You Might Also Like

वोटर लिस्ट में नाम नहीं है तो क्या करें: अपील से लेकर फॉर्म 6 तक पूरी प्रक्रिया जानिए
बहराइच में आज से शुरू होगी जनगणना, घर बैठे ऐसे करें ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन
रिटायर्ड आरक्षक के बेटे का रील के लिए खतरनाक स्टंट, वायरल वीडियो के बाद पुलिस का एक्शन
बंगाल में बढ़ा राजनीतिक तापमान, ममता के घर के बाहर लगे ‘जय श्रीराम’ के नारे
बहराइच में मोबाइल टावर पर चढ़ी युवती, फायर सर्विस टीम ने सूझबूझ से बचाई जान
TAGGED:Election NewsEVM ControversyIndia NewsRepollingWest Bengal News
Share This Article
Facebook Email Print
Share
What do you think?
Love0
Sad0
Happy0
Sleepy0
Angry0
Dead0
Wink0
ByAshutosh Singh
Head of Digital Content
Follow:
अशुतोष सिंह एक अनुभवी डिजिटल न्यूज़ कंटेंट लेखक हैं, जो देश-दुनिया की ताज़ा खबरों, तकनीकी ट्रेंड्स और ज्वलंत मुद्दों पर रोचक व जानकारीपूर्ण लेखन के लिए जाने जाते हैं। SEO-फ्रेंडली भाषा और तथ्यात्मक रिपोर्टिंग के साथ, अशुतोष ऑनलाइन पाठकों को विश्वसनीय और समसामयिक कंटेंट प्रदान करते हैं। डिजिटल मीडिया, ब्लॉगिंग और नई टेक्नोलॉजी में गहरी रुचि रखने वाले अशुतोष हमेशा पाठकों के लिए सबसे पहले, सबसे बेहतर और सबसे सटीक समाचार लाने का प्रयास करते हैं।
Previous Article UPTET 2026 Online Form Apply Exam Date Syllabus UPTET 2026 Online Form: आवेदन शुरू, सिलेबस और एग्जाम डेट जारी
Next Article बाइक स्टंट वायरल, एक पहिए पर बाइक, पुलिस ने काटा चालान रिटायर्ड आरक्षक के बेटे का रील के लिए खतरनाक स्टंट, वायरल वीडियो के बाद पुलिस का एक्शन
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Future Post NewsFuture Post News
Follow US
© 2026 Future Post. All Rights Reserved. Powered by Future Media News Network (FMNN).
  • Home
  • About Us
  • Privacy Policy
  • Terms of Use
  • DMCA
  • Disclaimer
Future Post Logo future post dark logo
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?

Not a member? Sign Up