मैंगलोर रिफाइनरी एंड पेट्रोकेमिकल्स लिमिटेड (MRPL) को इनोवेशन अवार्ड्स 2025-26 के तहत दो अलग-अलग श्रेणियों में विजेता घोषित किया गया है। यह पुरस्कार सेंटर फॉर हाई टेक्नोलॉजी, केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय द्वारा स्थापित किए गए हैं। इन पुरस्कारों की घोषणा और वितरण दक्षिण गोवा के बेतुल स्थित ओएनजीसी (ONGC) के एडवांस ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट में आयोजित 29वें एनर्जी टेक्नोलॉजी एंड इनोवेशन मीट के दौरान किया गया। इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम में देश भर के ऊर्जा क्षेत्र से जुड़े कई वरिष्ठ अधिकारी और विशेषज्ञ उपस्थित रहे, जिन्होंने उद्योग जगत में तकनीकी विकास और नवाचारों पर विस्तार से चर्चा की। कार्यक्रम के दौरान देश के तकनीकी परिदृश्य और ऊर्जा क्षेत्र में हो रहे सकारात्मक बदलावों को रेखांकित किया गया, जिससे सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों की भूमिका और अधिक महत्वपूर्ण हो जाती है।
किन प्रमुख श्रेणियों में मिला MRPL को सम्मान
विजयी प्रविष्टियों का चयन वैज्ञानिक सलाहकार समिति के अध्यक्ष जीडी यादव की अध्यक्षता वाली एक विशेष चयन समिति द्वारा किया गया था। MRPL को यह प्रतिष्ठित राष्ट्रीय सम्मान दो प्रमुख स्वदेशी नवाचारों के लिए प्रदान किया गया है। इनमें पहली श्रेणी ‘बेस्ट इंडिजिनसली डेवलप्ड टेक्नोलॉजी’ के अंतर्गत आइसोब्यूटाइल बेंजीन के निर्माण के लिए विकसित ‘कार्वे आईबीबी – इंडिजिनस एक्टिव फार्मा इंटरमीडिएट प्रोसेस टेक्नोलॉजी’ शामिल है। इस उन्नत तकनीक के माध्यम से कंपनी ने स्वदेशी तकनीक के जरिए हाई-वैलिड फार्मास्युटिकल इंटरमीडिएट के क्षेत्र में उल्लेखनीय कदम रखा है। फार्मास्युटिकल क्षेत्र में कच्चे माल और मध्यवर्ती उत्पादों के निर्माण के लिए स्वदेशी तकनीकों का विकास देश की तकनीकी आत्मनिर्भरता को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा और दूरगामी कदम माना जा रहा है।
स्वदेशी तकनीक और डिजिटल नवाचार का प्रदर्शन
दूसरी श्रेणी ‘बेस्ट इनोवेशन इन रिफाइनरी’ के तहत ‘रिवील एफसीसी – इंडिजिनस क्लोज्ड-लूप रियल-टाइम ऑप्टिमाइज़र’ को चुना गया। यह नवाचार डिजिटल इनोवेशन और रिफाइनरी प्रक्रिया को वास्तविक समय में अनुकूलित करने की MRPL की मजबूत क्षमताओं को प्रदर्शित करता है। इन पुरस्कारों को केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी द्वारा एमआरपीएल के वरिष्ठ अधिकारियों के प्रतिनिधिमंडल को सौंपा गया। पुरस्कार ग्रहण करने वाले शिष्टमंडल में एमआरपीएल के प्रबंध निदेशक एम. श्यामप्रसाद कामत, रिफाइनरी निदेशक नंदा कुमार वेलायुधान पिल्लई, रिफाइनरी कार्यकारी निदेशक एन. आनंदा कुमार, समूह महाप्रबंधक (रखरखाव) एच.सी. सत्यनारायण, जीजीएम (तकनीकी सेवाएं) एम. सुधीर पाई, और इनोवेशन सेंटर के मुख्य प्रबंधक आर. कार्तिक तथा एस. निर्मल गणेश शामिल थे।
सरकारी मंचों और कार्यक्रमों पर MRPL को इनोवेशन के क्षेत्र में राष्ट्रीय मान्यता मिलने का यह लगातार पांचवां अवसर है। इससे पहले भी कंपनी को एनर्जी टेक्नोलॉजी मीट और इंडिया एनर्जी वीक जैसे बड़े राष्ट्रीय मंचों पर सम्मानित किया जा चुका है। यह लगातार सफलता रिफाइनरी और पेट्रोकेमिकल क्षेत्र में तकनीकी आत्मनिर्भरता, अनुसंधान और विकास तथा डिजिटल उन्नयन की दिशा में कंपनी के निरंतर और समर्पित प्रयासों को दर्शाती है। कंपनी के अधिकारियों ने इस उपलब्धि पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि भविष्य में भी वे अनुसंधान और विकास के कार्यों को इसी तरह प्राथमिकता देते रहेंगे, जिससे देश के ऊर्जा और पेट्रोकेमिकल क्षेत्र को वैश्विक स्तर पर और अधिक मजबूती मिल सके।
लगातार पांचवीं बार मिली राष्ट्रीय स्तर पर पहचान
इस संपूर्ण चयन प्रक्रिया और पुरस्कार वितरण समारोह के दौरान उद्योग जगत में स्वदेशी तकनीकों को बढ़ावा देने के उद्देश्यों पर विशेष जोर दिया गया। इस तरह के प्रतिष्ठित पुरस्कार सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों को अत्याधुनिक अनुसंधान और तकनीकी विकास के क्षेत्र में और अधिक कार्य करने के लिए प्रेरित करते हैं, जिससे देश के ऊर्जा और पेट्रोकेमिकल क्षेत्र को वैश्विक स्तर पर मजबूती मिलती है। इस प्रकार के आयोजनों से विभिन्न उद्योगों को अपने तकनीकी नवाचारों को प्रदर्शित करने का अवसर मिलता है और अन्य कंपनियां भी स्वदेशी अनुसंधान की ओर प्रेरित होती हैं।


