उत्तर प्रदेश के बहराइच जिले में आदमखोर बाघ का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। थाना नवाबगंज क्षेत्र के चनैनी और आसपास के गांवों में पिछले 24 घंटों के भीतर बाघ ने कम से कम पांच लोगों पर हमला किया, जिनमें दो की हालत गंभीर बताई जा रही है। लगातार हो रही घटनाओं से ग्रामीणों में भय और आक्रोश दोनों देखा जा रहा है।
महिलाओं को खेतों में दौड़ाया, बचाने गए लोग भी बने शिकार
घटना की शुरुआत शुक्रवार तड़के हुई, जब चनैनी गांव की दो महिलाएं खेतों में चारा लेने गई थीं। इसी दौरान झाड़ियों में छिपे बाघ ने अचानक हमला कर दिया। चीख-पुकार सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और महिलाओं को बचाने की कोशिश की। लेकिन बाघ ने बचाने पहुंचे दो व्यक्तियों पर भी हमला कर दिया।
हमले में घायल दोनों पुरुषों को गंभीर हालत में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां डॉक्टरों की एक टीम उनका इलाज कर रही है।
ग्रामीणों के अनुसार, बाघ सुबह के समय खेतों, पगडंडियों और जंगल किनारे छिपकर हमला कर रहा है, जिससे लोग घर से बाहर निकलने से डर रहे हैं।
एक दिन पहले भी तीन लोग हुए थे शिकार
यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले रुपईडीहा क्षेत्र में गुरुवार को तीन लोग बाघ के हमले का शिकार हुए थे।
लगातार हो रही घटनाओं से साफ है कि स्थिति धीरे-धीरे गंभीर रूप ले रही है, लेकिन बाघ का कोई सुराग नहीं लग पा रहा।
स्थानीय निवासी नफीस अहमद ने बताया —
“हम बच्चों को स्कूल भेजने में भी डर रहे हैं। खेत तो बिल्कुल बंद हो गए। अगर ऐसे ही रहा तो हमें गांव छोड़ना पड़ेगा।”
गांवों में डर का माहौल, रास्ते खाली — बाजार भी प्रभावित
लगातार हमलों के चलते गांवों में रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित होने लगी है।
- बच्चे स्कूल नहीं जा पा रहे
- महिलाएं खेत-खलिहानों में जाने से डर रही हैं
- स्थानीय बाजारों में भीड़ कम हो गई है
- काम करने वालों की मजदूरी बंद पड़ गई है
ग्राम प्रधानों ने प्रशासन से तत्काल कार्रवाई और वन विभाग की स्थायी तैनाती की मांग की है।
प्रशासन हरकत में, खेतों के आसपास चिन्ह बने — पिंजरे लगाने की तैयारी
घटनाओं की जानकारी मिलते ही वन विभाग, पुलिस और राजस्व टीम मौके पर पहुंची।
अधिकारियों ने इलाके की नाकेबंदी कर ग्रामीणों से सावधानी बरतने और समूह में निकलने की अपील की है।
वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार:
- बाघ के पैरों के निशान और मूवमेंट लोकेशन मिली है
- क्षेत्र में ड्रोन से निगरानी पर विचार
- पिंजरे और ट्रैप कैमरे लगाने की तैयारी
- विशेषज्ञ टीम को बुलाने की प्रक्रिया शुरू
सीओ दौराला प्रकाश चंद्र अग्रवाल ने Future Post News को बताया:
“ग्रामीणों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। हम लगातार गश्त बढ़ा रहे हैं। दोनों घायलों का इलाज चल रहा है। बाघ को पकड़ने के लिए सभी संभावित कदम उठाए जा रहे हैं।”
बाघ का आदमखोर घोषित होने की आशंका बढ़ी
लगातार मानव पर हमलों के बाद वन विभाग अब बाघ को ‘आदमखोर’ घोषित करने के लिए प्रक्रिया शुरू कर सकता है।
यह घोषणा होने पर:
- शूट एट साइट की अनुमति संभव
- ट्रैंक्विलाइजर टीम की तैनाती
- विशेषज्ञ टीम द्वारा पकड़ने का अभियान तेज
हालांकि, वन विभाग अभी इसे अंतिम विकल्प के रूप में देख रहा है।
गांवों में रेस्क्यू तैयारी, सुरक्षा टीम की मांग
स्थानीय निवासियों ने मांगे रखी हैं:
- गांवों के चारों ओर सुरक्षा घेरा
- रात में पुलिस गश्त
- पशुओं के लिए सुरक्षित स्थान
- महिलाओं और स्कूल बच्चों के लिए एस्कॉर्ट व्यवस्था
ग्रामीणों के अनुसार, जब तक बाघ पकड़ा नहीं जाता या दूर नहीं भगाया जाता, शांति संभव नहीं है।
बहराइच में स्थिति लगातार गंभीर बनी हुई है।
24 घंटे में 5 हमले, दो गंभीर घायल और ग्रामीण असुरक्षित।
ग्रामीणों की मांग है कि प्रशासन तत्काल बड़े स्तर पर कार्रवाई करे, क्योंकि खतरा हर पल बढ़ता जा रहा है।
Future Post News इस घटना पर लगातार नज़र बनाए हुए है।
जैसे ही कोई नई जानकारी सामने आती है, हम आपको अपडेट करेंगे।




